October 26, 2020

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sandeep divate

कंडक्टर के बेटे ने किया 480 करोड़ का कारोबार-संदीप दिवाटे (sandeep divate)

कंडक्टर के बेटे ने किया 480 करोड़ का कारोबार-संदीप दिवाटे (sandeep divate)

आज की हमारे कहानी है एक ऐसे व्यक्ति की जिसके पिताजी बस कंन्डेक्टर थे और बेटे ने 480 करोड़ का कारोबार खड़ा कर दिया । हम बात कर रहे है संदीप दिवाटे (sandeep divate) की ।एक निम्न मध्यम वर्गीय परिवार से आने वाले संदीप के परिवार में चार बहने , माता और पिता थे। घर मे आर्थिक चुनौतियां होने के बाद भी इनके पिताजी ने इन्हें पढ़ने के लिए प्रेरित किया । इनकी पढ़ाई के लिए अतिरिक्त पैसों के लिए इनकी बहन और माँ मिठाई बना कर और बेचने का काम भी करती थी ।

इसी के परिणामस्वरूप ये एक केमिकल इंजीनियरिंग बनने में सफल रहे । कैमिकल इंजीनियरिंग पूरी करने के बाद संदीप दिवाटे (sandeep divate) ने MBA करने के बारे में सोचा और दुरस्थ शिक्षा में सिंबायोसिस इंस्टीटूट में दाखिला लिया । पढ़ाई का खर्चा चलाने और स्वयं की जरूरतों को पूरा करने के लिए पढ़ाई के साथ साथ इन्होंने हिंदुस्तान यूनिलीवर में भी काम किया । इसके बाद इन्होंने MBA पूरा करते ही 3M नाम की एक कंपनी में काम करना शुरू कर दिया । यहां पर ये एक अच्छी पोस्ट पर कार्यरत थे और काफी अच्छा पैसा भी मिलता था ।

लेकिन इनके मन मे तो खुद का व्यवसाय करने की भावनाएं हिलोरे मार रही थी । संदीप दिवाटे (sandeep divate) 3M कंपनी में 2005 से 2010 तक कई महत्वपूर्ण पदों पर रहे और 2010 में अपने सपने सच करने के लिए कंपनी की जॉब छोड़ दी । इससे पहले इन्होंने लगभग 1 साल की परेशानी से बचने के लिए आवश्यक पैसे जोड़ लिए थे ।

कंपनी छोड़ते ही इन्होंने अपने सपने रियलिक्स इंडस्ट्रीज के साथ एक नई शुरुआत की । 3M में काम करते करते संदीप को सड़क सुरक्षा प्रणालियों का काफी अच्छा खासा अनुभव हो चुका था।

अपनी कम्पनी की शुरुआत में संदीप ने एक ट्रैफिक सेफ्टी सिस्टम की पेशकश की और 2 वर्षो तक इन्होंने रेक्सोथर्म के साथ का किया ।जिंसमे इन्होंने उच्च गुणवत्ता युक्त थर्मोप्लास्टिक रोड मार्किंग पेट्स बनाया । जिसे इन्होंने कई बड़ी और महत्वपूर्ण सड़क परियोजनायों जैसे – मुम्बई एक्सप्रेस हाइवे , यमुना एक्सप्रेस में इसे काम लिया ।

इनके केमिकल ज्ञान ने इतना शानदार परिणाम दिया कि जल्द ही रियलिक्स एक अच्छी ऊंचाई पर पहुंच गई ।

2012 में संदीप दिवाटे (sandeep divate) ने अपने एक आईआईटियन दोस्त निधि खुल्लर के साथ मिलकर एक नई कंपनी एनवाइरो सेफ्टी प्राइवेट लिमिटेड बनाई । इस कंपनी बाजार में औद्योगिक स्वचालन , सिस्टम इंटीग्रेशन , वायरलेस और दूरसंचार को एक साथ पेश किया । या सिस्टम को लांच करने के बाद संदीप और निधि ने इसमे AI जैसी टेक्नोलॉजी का उपयोग किया। रियलिक्स AI सक्षम कंप्यूटिंग उपकरणों का उपयोग करके औद्योगिक प्रक्रिया में जुड़े सेंसर को शामिल करते हुए व्यापक और सबसे तेज समाधान प्रदान करने वाली देश की कुछ महत्वपूर्ण कम्पनियों में से एक बन गयी ।

कम्पनी ने जल्दी ही रिफाइनरी क्षेत्र की कई स्वचालित प्रक्रिया को पूरा किया और कई महत्वपूर्ण कम्पनीया इनकी क्लाइंट बन गयी जैसे – RIL , HPCL , ONGC , BP , ADNOC आदि ।

2014 में रियलिक्स ने इंग्लैंड में अपनी पहली कम्पनी रियलिक्स यूके के साथ अंतराष्ट्रीय बाजार में कदम रखा । इनकी सुविधाए को देखते देखते हुए स्विट्जरलैंड की एक कम्पनी ने इनकी कम्पनी में 200 करोड़ का निवेश किया । जिससे इनको ब्रिटेन में आधुनिक सुविधाओं से युक्त विनिर्माण सुविधा स्थापित करने में मदद मिली । वर्तमान में कम्पनी ने अबुधाबी में भी अपनी मौजूदगी बना ली है ।

वर्तमान में 4G युक्त सबसे एडवांस AI तकनीक से युक्त उपकरण बनाने वाली एक प्रमुख कम्पनी है । रियलिक्स भारत मे सड़क परिवहन में एक महत्वपूर्ण स्थान रखती है । कम्पनी ने mvaahan एप्प के माध्यम से RTO में फिटनेश निरीक्षण और नए वाहन पंजीकरण जैसी प्रक्रियाओं में स्वचालित करने में एक सिस्टम develop किया है । वर्तमान में यह एप्प महाराष्ट्र , मध्यप्रदेश , छत्तीसगढ़ जैसे राज्यो में कार्यरत है। कंपनी ने पिछले वित्त वर्ष में 480 करोड़ का कारोबार किया था ।।

 

 

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